24 फ़रवरी 2013


समुद्र ,अपने समुद्र होने से पहले
रहा होगा एक बहुत विशाल खाई
अँधेरा उकता कर बन गया होगा एक समुद्र
किसी अनजान नदी के साथ
बह आई होंगी कुछ मछलियाँ
मछलियों को देख आ गए होंगे
कुछ मगरमच्छ ,बड़ी मछलियाँ और
बड़े बड़े जलपोत जहाज़
माल असबाब व मनुष्यों को भरे
अक्सर आती है सपने में वो खाई
समुद्र के ....

1 टिप्पणी: